एक पुल पर सिमटा पूरा आवागमन, बढ़ीं राहगीरों की दुश्वारियां
सूर्या संदेश
हरिद्वार!चंडीघाट के दो पुलों में से एक बंद होने के बाद हरिद्वार-नजीबाबाद मार्ग का पूरा यातायात एक ही पुल पर आ टिका है। दोनों दिशाओं के वाहन इसी पुल से गुजर रहे हैं। वाहनों की तादाद बढ़ते ही रफ्तार प्रभावित हो रही है। रविवार को भी पुल पर वाहनों का दबाव बढ़ने से लोगों को परेशानी उठानी पड़ी। पुल पार करने में अतिरिक्त समय लग रहा है और यात्रियों का सफर खिंच रहा है।
जानकारी के अनुसार, पुराने चंडीघाट पुल के सस्पेंशन ज्वाइंट की मरम्मत का काम कराया जा रहा है। इसके चलते पुल से वाहनों की आवाजाही बंद है। फिलहाल हरिद्वार और नजीबाबाद की ओर से आने-जाने वाला यातायात नए पुल से संचालित हो रहा है।
चंडीघाट का यह मार्ग उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के बीच अहम संपर्क कड़ी है। हरिद्वार से होकर यह रास्ता उत्तराखंड के कुमाऊं क्षेत्र की ओर आने-जाने वाले यातायात के लिए भी महत्वपूर्ण है। इस वजह से स्थानीय वाहनों के साथ बाहर से आने-जाने वाला यातायात भी इसी मार्ग से गुजरता है। एक ही पुल पर दोनों दिशाओं का आवागमन होने से वाहनों की तादाद बढ़ते ही रफ्तार मंद पड़ रही है और पीछे आने वाले वाहनों का दबाव बढ़ रहा है।
मौजूदा स्थिति में सबसे बड़ी परेशानी पुल पार करने में लगने वाले अतिरिक्त समय को लेकर है। सामान्य दिनों में यातायात चलता रहने के बावजूद एक ही पुल पर दोनों ओर के वाहन आने से रफ्तार प्रभावित हो रही है। वाहनों की संख्या बढ़ने पर स्थिति और खिंच जाती है।
आने वाले दिनों में यह चुनौती बढ़ने की आशंका भी है। नवरात्र और दशहरा के बाद धनतेरस, दीपावली, गोवर्धन पूजा, भाई दूज और छठ जैसे प्रमुख पर्व हैं। इन मौकों पर धर्मनगरी की ओर आने-जाने वाले वाहनों की संख्या बढ़ सकती है। ऐसे में पहले से एक पुल पर सिमटा यातायात दबाव में आ सकता है।
पुराने पुल की मरम्मत पूरी होने में करीब दो माह लगने की संभावना है। काम पूरा होने के बाद वहां से भी यातायात बहाल किया जाएगा। तब दोनों पुलों पर वाहनों का आवागमन बंट सकेगा और नए पुल पर बना मौजूदा दबाव कम होने की उम्मीद है।
फिलहाल मरम्मत पूरी होने तक दोनों दिशाओं का यातायात एक ही पुल से गुजरना है। ऐसे में इस मार्ग से आने-जाने वाले यात्रियों के लिए धीमी रफ्तार और सफर में लगने वाला अतिरिक्त समय बड़ी चुनौती बना हुआ है।

