लुधियाना से आया था जेल अधीक्षक को डराने, जेल की ओर बढ़ते ही पुलिस ने दबोचा; लॉरेंस बिश्नोई के नाम से दी थी धमकी
सूर्या संदेश
हरिद्वार। जेल में बंद पत्नी से मुलाकात के दौरान हुई पूछताछ से नाराज आरोपी ने पहले धमकी भरे मैसेज भेजे, फिर तमंचा-कारतूस लेकर लुधियाना से हरिद्वार पहुंच गया। इसके बाद वह अपने मकसद की ओर बढ़ रहा था, लेकिन पुलिस के हत्थे चढ़ गया।
पूरा मामला रोशनाबाद जेल अधीक्षक को धमकी देने से जुड़ा है। पुलिस के मुताबिक, पकड़े गए आरोपी की पहचान हिमांशु चोढा के रूप में हुई है। वह पंजाब के लुधियाना का रहने वाला है और फिलहाल देहरादून के आईडीपीएल क्षेत्र में रह रहा था। तलाशी में उसके पास से तमंचा, एक जिंदा कारतूस और मोबाइल फोन मिला।
घटना 11 सितंबर को रोशनाबाद जेल के वरिष्ठ अधीक्षक मनोज कुमार आर्य की शिकायत के बाद सामने आई थी। उनके मोबाइल पर अभद्र मैसेज भेजकर जान से मारने की धमकी दी गई थी। शिकायत के बाद सिडकुल थाने में मुकदमा दर्ज हुआ। एसएसपी हरिद्वार नवनीत सिंह भुल्लर के निर्देश पर पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी थी।
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में हिमांशु ने बताया कि उसकी पत्नी शीला जिला जेल में बंद है। मुलाकात के दौरान जेल स्टाफ की पूछताछ से वह नाराज हो गया था। आरोपी के बयान के अनुसार, पत्नी ने उसे जेल अधीक्षक को लॉरेंस बिश्नोई के नाम से धमकी देने के लिए कहा और उनका मोबाइल नंबर भी दिया।
इसके बाद हिमांशु लुधियाना गया, आधार कार्ड से नया मोबाइल नंबर लिया और उससे जेल अधीक्षक को धमकी भरे मैसेज भेजे। बाद में सोशल मीडिया के जरिए उसे अपने खिलाफ मुकदमा दर्ज होने की जानकारी मिली।
इसके बाद वह तमंचा-कारतूस लेकर हरिद्वार आया। पुलिस के अनुसार, वह जेल अधीक्षक को डराने के इरादे से जेल की ओर जा रहा था, लेकिन जेल पहुंचने से पहले ही पकड़ लिया गया।
तमंचा मिलने के बाद मामले में आर्म्स एक्ट के तहत भी कार्रवाई की गई है। पुलिस के अनुसार, पत्नी शीला के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। हिमांशु के खिलाफ देहरादून के रायवाला थाने में भी पुराना मुकदमा दर्ज है, जिसमें मारपीट, धमकी, बंधक बनाने, मानव तस्करी और दहेज उत्पीड़न के आरोप थे।

