लहाडपुर में ‘हर घर जल’ का इंतजार, चार-पांच बार बोरिंग की कोशिश फिर भी नहीं पहुंचा पानी

0
IMG_20261005_132401

Oplus_131072

डेढ़ साल पहले आखिरी प्रयास भी रहा विफल, इसके बाद ठप पड़ा काम; आज भी हैंडपंप के सहारे ग्रामीण

सूर्या संदेश
श्यामपुर/लालढांग! लहाडपुर गांव के ग्रामीणों को हर घर जल मिशन के तहत घरों तक पानी पहुंचने का अब भी इंतजार है। योजना के तहत पानी का स्रोत तलाशने के लिए गांव में चार से पांच बार बोरिंग कराने की कोशिश हुई, लेकिन हर बार बोरिंग के दौरान आर्टीजन यानी जमीन के भीतर दबाव वाली पानी की परत आ जाने से काम सफल नहीं हो सका। करीब डेढ़ साल पहले आखिरी बार बोरिंग का प्रयास किया गया था। इसके बाद योजना को आगे बढ़ाने की दिशा में कोई काम नहीं हुआ। नतीजा यह है कि ग्रामीण आज भी पानी के लिए हैंडपंप पर निर्भर हैं।


ग्राम प्रधान रूबी सैनी और ग्रामीण सुशील कुमार, अर्जुन कुमार, राजेश आदि के अनुसार चार बार ग्राम प्रधान के घर के नजदीक पानी की टंकी के पास बोरिंग कराने का प्रयास किया गया। इसके अलावा एक बार सुशील कुमार के खेत में भी बोरिंग की कोशिश हुई। ग्रामीणों के मुताबिक, हर जगह आर्टीजन की स्थिति आने से बोरिंग सफल नहीं हो सकी। बोरिंग सफल होने के बाद ही योजना के तहत आगे का काम शुरू होना था, लेकिन पानी का स्रोत नहीं मिल पाने से योजना आगे नहीं बढ़ पाई।


ग्रामीणों के मुताबिक, बोरिंग के दौरान ठेकेदार का कुछ सामान अब भी गांव में पड़ा हुआ है। करीब डेढ़ साल पहले आखिरी प्रयास के बाद से न तो बोरिंग दोबारा कराने की कोशिश हुई और न ही योजना को आगे बढ़ाने के लिए कोई ठोस पहल दिखाई दी। इस बीच ग्रामीण पानी की जरूरत पूरी करने के लिए हैंडपंप का सहारा ले रहे हैं।


बोरिंग का असफल होना एक तकनीकी समस्या हो सकती है, लेकिन उसके बाद करीब डेढ़ साल तक समाधान की दिशा में आगे न बढ़ना अलग सवाल खड़ा करता है। ग्रामीणों के मुताबिक ठेकेदार का कुछ सामान गांव में पड़ा है, जबकि गांव के लोग आज भी हैंडपंप के भरोसे हैं और हर घर जल मिशन का लाभ उनकी पहुंच से बाहर है। ऐसे में सवाल सिर्फ यह नहीं कि बोरिंग क्यों सफल नहीं हुई, बल्कि यह भी है कि असफलता के बाद जिम्मेदार कार्यदायी संस्था और विभाग ने दूसरा रास्ता तलाशने की कितनी कोशिश की। अगर एक असफल बोरिंग के बाद पूरी योजना रुक जाए, तो फिर ‘हर घर जल’ का लक्ष्य जमीन पर कैसे पूरा होगा?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *