नशे और साइबर अपराध के खिलाफ युवाओं को आगे लाएगी पुलिस
सूर्या संदेश,
रुड़की। नशे और साइबर अपराध से बचाव के लिए उत्तराखंड पुलिस युवाओं को जागरूक करने में जुटी है। शुक्रवार को धनौरी स्थित हरिओम सरस्वती पीजी कॉलेज में आयोजित कार्यशाला में एडीजी डॉ. वी. मुरुगेशन और एसएसपी नवनीत सिंह ने विद्यार्थियों से संवाद कर उन्हें इस मुहिम में भागीदारी के लिए प्रेरित किया।
एडीजी ने कहा कि नशे की लत का असर पूरे परिवार पर पड़ता है। युवाओं को खुद नशे से दूर रहने के साथ दूसरों को भी इसके नुकसान के प्रति जागरूक करना चाहिए। एसएसपी ने नशे का अवैध कारोबार करने वालों की जानकारी पुलिस को देने की अपील की, ताकि उनके खिलाफ कार्रवाई हो सके।

देहरादून से आई साइबर क्राइम ब्रांच की टीम ने लघु फिल्मों और चित्रों के जरिए विद्यार्थियों को साइबर अपराध के तरीकों और उनसे बचने के उपाय बताए। टीम ने विद्यार्थियों से गांवों में जाकर लोगों को साइबर ठगी से बचाव के प्रति जागरूक करने की अपील भी की।
कार्यशाला में एडीजी ने विद्यार्थियों से नशे के नुकसान और उसकी रोकथाम में युवाओं की भूमिका पर सवाल किए। उनके जवाबों की सराहना करते हुए उन्होंने विद्यार्थियों को सामाजिक जागरूकता के कामों में आगे आने के लिए प्रोत्साहित किया।
इससे पहले कॉलेज प्रबंधन समिति के अध्यक्ष डॉ. हर्ष सैनी और सचिव डॉ. आदित्य सैनी ने अतिथियों का स्वागत किया।
एडीजी और एसएसपी ने कॉलेज के संस्थापक डॉ. तेजवीर सिंह सैनी की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की। कार्यक्रम का संचालन डॉ. योगेश योगी ने किया। इस दौरान एसपी ग्रामीण अभय सिंह, सहायक पुलिस अधीक्षक देवव्रत जोशी, प्राचार्य डॉ. मुनेन्द्र सिंह सहित शिक्षक और छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
