दिन में भीड़, रात में अंधेरा और किनारे कूड़े का ढेर…श्यामपुर का चौराहा बदहाल
सूर्या संदेश, समाचार
श्यामपुर।
दिन में भीड़, रात में अंधेरा और चौराहे के किनारे कूड़े का ढेर। इसी बीच जंग लगे टीन से ढका चेंबर भी अपनी बदहाली बयां कर रहा है।

श्यामपुर में नमामि गंगे घाट की ओर जाने वाले रास्ते पर स्थित इस व्यस्त चौराहे से रोजाना स्कूली बच्चों और कॉलेज के विद्यार्थियों के साथ बड़ी संख्या में दोपहिया और चारपहिया वाहन गुजरते हैं।
पास में साप्ताहिक पीठ बाजार लगने से बाजार के दिन लोगों की आवाजाही और बढ़ जाती है। दिन में नजर आने वाली यह अव्यवस्था रात के अंधेरे में कितनी बड़ी परेशानी बन सकती है, इसका अंदाजा शायद इसी से लगाया जा सकता है।
चौराहे पर रात के समय रोशनी की कोई व्यवस्था नहीं है। श्यामपुर के लगभग सभी चौक-चौराहों पर रात में रोशनी के इंतजाम होने के बावजूद यहां अंधेरा रहता है। इसी चौराहे पर करीब दो वर्ष पहले बनाया गया चेंबर आज भी स्थायी ढक्कन का इंतजार कर रहा है। फिलहाल जंग लगा टीन का टुकड़ा ही उसका ढक्कन बना हुआ है।
चेंबर का टीन मौसम की मार से कमजोर हो चुका है और रात के अंधेरे में इसकी स्थिति परेशानी बढ़ाने वाली है। चौराहे के बराबर में कूड़े का ढेर भी व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि चौराहे की स्थिति सुधारने के लिए चेंबर पर स्थायी ढक्कन लगाने, रात में रोशनी की व्यवस्था करने और कूड़े की समस्या दूर करने की जरूरत है। एक ही जगह पर बदहाल चेंबर, अंधेरा और कूड़े का ढेर—सवाल यह है कि व्यवस्था सुधरने के लिए आखिर और कितने संकेत चाहिए?https://suryasandesh.com

